क्या सेक्स अध्यात्म और आत्मज्ञान के मार्ग में बाधा है ?
Physical ब्रह्मचर्य की प्रैक्टिस कैसे करेंगे अगर हमारी बाल्टी में छेद रहेगा ? जब तक मूलाधार में अमृत लबालब नहीं होगा कुण्डलिनी ऊर्ध्व नहीं होगी और चक्र नहीं खुलेंगे | अगर हम मूल्यवान अमृत (वीर्य) को यूं ही क्षणिक आनंद के लिए सेक्सुअल क्रियाओं में जाया कर देंगे तो पशु योनि और मनुष्यों में फर्क क्या रह जाएगा – दोनों […]
